SEARCH SOME THING...

गुरुवार, 1 फ़रवरी 2018

Ajay jadeja – अजय जडेजा एक खेल जगत के आकर्षक खिलाडी

Ajay jadeja – अजय जडेजा एक खेल जगत के आकर्षक खिलाडी हैं चाहे वो खेल के मैदान पर या बाहर। उन्होनें 1992 से 2000 तक भारत का प्रतिनिधित्व किया।

क्रिकेटर अजय जडेजा – Ajay jadeja

अजय जडेजा का जन्म 1 फरवरी 1971 में गुजरात के जामनगर में हुआ। उनका जन्म एक ऐसे क्रिकेट वंशावली परिवार में हुआ जहा पर उनके रिश्तेदार के एस रणजीत सिंहजी जिनके नाम पर रणजी ट्राफी और के एस दुलीप सिंहजी जिनके नाम पर दुलीप ट्राफी का नाम पड़ा।
अजय जडेजा की शादी अदिति जेटली से हुई जो की पूर्व समता पक्ष की प्रमुख जया जेटली की बेटी है। इन्हें दो संतान है ऐमन और आना।

अजय जडेजा का करिअर – Ajay Jadeja Career

जडेजा भारतीय क्रिकेट संघ के 1992 से 2000 तक नियमित खिलाडी थे। उन्होंने 15 टेस्ट मचेस और 196 एक दिवसीय अंतर्राष्ट्रीय मुकाबले खेले है। उन्हें भारतीय संघ के अपने समय के सर्वश्रेष्ट्र फील्डरों में से एक फील्डर माना जाता है।
1996 के क्रिकेट विश्व कप के क्वार्टर फाइनल में उनकी कट्टर प्रतिस्पर्धी पाकिस्तान के ख़िलाफ़ खेली हुई मात्र 25 गेंदों में 45 रन की धुवाधार पारी सबसे यादगार पारियों में से एक है जिसमे वकार युनिस ने आखिरी दो ओवरों में 40 रन दीये थे।
जडेजा का मोहम्मद अझरूद्दीन के साथ मिलकर एक दिवसीय क्रिकेट में 4 थे और 5 वे विकेट के लिए क्रमशः ज़िम्बाब्वे और श्रीलंका के खिलाफ एकदिवसीय सर्वाधिक रनों की साझेदारी का विश्वविक्रम उनके नाम पर है। जडेजा अपने फिल्डिंग के लिए काफ़ी प्रसिद्ध है।
उन्होंने इंग्लैंड के खिलाफ एक मैच में एक ओवर में 3 रन देकर 3 विकेट लेकर शारजाह मैदान पर भारत को यादगार जीत दिलाई थी। 13 एकदिवसीय अंतर्राष्ट्रीय मुकाबलों में उन्होंने भारत के लिए कप्तानी की। बंगलौर का चिन्नास्वामी स्टेडियम उनके पसंदीदा मैदानों मे से एक है जहा पर उन्होंने 1996 के विश्व कप का क्वार्टर फाइनल पाकिस्तान के खिलाफ खेला था।
3 जून 2000 को पेप्सी एशिया कप का पाकिस्तान के विरुद्ध खेला गया एकदिवसीय मुकाबला उनका आखिरी मुकाबला था। उन्होंने 93 रन बनाए थे फिर भी भारत वह मुकाबला हार गया। उसमे उन्होंने 8 चौके और 4 छक्के लगाये थे।
उनकी क्रिकेट की उपलब्धिया उन पर लगे 5 साल के प्रतिबन्धि मैच फिक्सिंग के कारण ढक सी गयी थी। 27 जनवरी 2000 को दिल्ली उच्च न्यायालय ने उन पर लगे प्रतिबंध को बाद में हटा दिया जिसकी वजह से जडेजा घरेलु और अंतर्राष्ट्रीय क्रिकेट खेलने के लिए पात्र हुए।
2 फरवरी 2001 को जडेजा दिल्ली उच्च न्यायालय गए थे और उन्होंने के माधवन समिति के सिफ़ारिशो के आधार पर बी सी सी आई ने लगाये पाच साल के प्रतिबंध के खिलाफ न्यायालय में न्याय की मांग की। 2013 के रणजी में वो खेलते हुए फिर से दिखाई दिए थे।
2015 में जडेजा की दिल्ली क्रिकेट संघ के मुख्य कोच के रूप में नियुक्ति की गयी लेकिन उन्होंने इसका इस्तीफा दे दिया। जडेजा अभी क्रिकेट कमेंटेटर का कार्य कर रहे है।

कोई टिप्पणी नहीं:

YOU CAN COMMENT/SEND/CONTACT US HERE

नाम

ईमेल *

संदेश *